अब सरकार करेगी छटनी, एक परिवार से एक ही व्यक्ति ले पाएगा लाभ, जानिए पूरी योजना

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अब सरकार करेगी छटनी, एक परिवार से एक ही व्यक्ति ले पाएगा लाभ, जानिए पूरी योजना

केन्द्र सरकार ने पीएम किसान सम्मान निधि योजना (PM Kisan Samman Nidhi Yojana) के लाभार्थियों के लिए बड़ी घोषणा की है। इस घोषणा में कहा गया कि योजना का लाभ लेने वाले किसानों का वेरिफिकेशन किया जाएगा। इस काम के लिए ग्राम सभा को अधिकार दिया गया है।


वहीं इस पूरे काम और सोशल ऑडिट कराने के लिए हर जिले में डीएम की अध्यक्षता में छह सदस्यीय कमेटी बनाई जाएगी। इस कमेटी में जिला कृषि अधिकारी, मुख्य विकास अधिकारी, उप कृषि निदेशक, सभी एसडीएम और जिला विकास अधिकारी को सदस्य के रूप में शामिल हकिया गया है। जब कमेटी तैयार हो जाएगी तब डीएम की अध्यक्षता में कैलेंडर बनाकर इस योजना को जल्दी कार्यान्वित किया जाएगा। इसके लिए 9 मई से 30 जून तक का कैलेण्डर तैयार कर लिया गया है।

इसके लिए चरणबद्ध कार्यक्रम तैयार किया गया है। पहले चरण में ग्रामसभा के सार्वजनिक स्थलों पर एक लिस्ट चिपकाई जाएगी और दूसरे चरण में लाभार्थियों को पत्र पढ़कर सुनाया जाएगा, तीसरे चरण में योजना का लाभ ले रहे अपात्र लाभार्थी और योजना से वंचित रह गए पात्र आवेदकों की लिस्ट तैयार कर कर्मचारियों के हस्ताक्षर किए जाएंगे। इसके बाद अंतिम चरण में पात्र लाभार्थियों का PM Kisan Samman Nidhi Yojana में रजिस्ट्रेशन किया जाएगा।

इस पूरी प्रक्रिया के तहत ऐसे परिवार जिनमें एक से अधिक सदस्य पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ ले रहे हैं, उन्हें भी अपात्र मानकर एक परिवार से एक ही व्यक्ति को लाभ दिया जाएगा। इस तरह अपात्र लोगों को योजना से हटाकर वंचित लोगों  को इसका लाभ दिया जाएगा।


ये किसान PM Kisan Samman Nidhi Yojana का लाभ नहीं ले सकते हैं।

वे किसान जिनके पास संस्थागत भूमिधारक, सरकारी खेत, किसी ट्रस्ट के खेत व सहकारी खेत हैं, वह इस योजना का लाभ नहीं ले सकते हैं।

ऐसे किसान परिवार जिनके घर में पहले या वर्तमान में किसी शख्स के पास संवैधानिक पद हो

सांसद व विधायक भी इस योजना इस योजना का लाभ नहीं ले सकते हैं।

राज्य विधान परिषद सदस्यों के परिवार, नगर निगमों के पूर्व और वर्तमान महापौर और जिला पंचायतों के पूर्व और वर्तमान अध्यक्ष इस योजना का लाभ नहीं ले सकते हैं।

केंद्र या राज्य सरकारों, कार्यालयों और विभागों के वर्तमान या सेवानिवृत्त अधिकारी और कर्मचारी इस योजना के अंतर्गत नहीं आते हैं।

केंद्र या राज्य के सार्वजनिक उपक्रमों और संबद्ध कार्यालयों या केंद्र के तहत स्वायत्त संस्थानों के वर्तमान या पूर्व अधिकारी इस योजना के अंतर्गत नहीं आते हैं।

स्थानीय निकायों के नियमित कर्मचारी इस योजना के अंतर्गत नहीं आते हैं। हालांकि, मल्टी-टास्किंग स्टाफ, चतुर्थ श्रेणी या समूह डी कर्मचारियों इस योजना का हिस्सा हो सकते हैं।

अगर कोई व्यक्ति 10 हजार या उससे अधिक मासिक पेंशन प्राप्त कर रहा है वह इस योजना का हिस्सा नहीं हो सकते हैं।

जो किसान टैक्स का भुगतान करता है।

अन्य पेशेवर जैसे इंजीनियर, डॉक्टर, वकील, चार्टर्ड अकाउंटेंट और आर्किटेक्ट व अन्य पेशेवर निकायों के साथ पंजीकृत व्यक्ति भी इस योजना का हिस्सा नहीं हो सकते हैं।

ऐसे किसान जो इस योजना के लिए अपात्र हैं पीएम किसान की वेबसाइट पर जाकर राशि को रिफंड कर सकते हैं।