Job Remedy: इस दिन करें नई नौकरी की जॉइनिंग, पक्का मिलेगी सफलता

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आज हम आपको बता रहे हैं कि नौकरी कब जॉइन करनी चाहिए। नई नौकरी हो या फिर ट्रांसफर केस हो या फिर प्रमोशन के बाद नई जगह पर जॉइन करना हो कभी-कभी उसी ऑफिस में प्रमोट होता है, तो कब अपनी उच्च पद वाली कुर्सी पर बैठना चाहिए। इसमें दिन यानी वार का बहुत महत्व होता है।इसके साथ ही भद्रा और राहु काल का भी ध्यान रखना चाहिए।  

आज हम आपको बता रहे हैं कि नौकरी कब जॉइन करनी चाहिए। नई नौकरी हो या फिर ट्रांसफर केस हो या फिर प्रमोशन के बाद नई जगह पर जॉइन करना हो कभी-कभी उसी ऑफिस में प्रमोट होता है, तो कब अपनी उच्च पद वाली कुर्सी पर बैठना चाहिए। इसमें दिन यानी वार का बहुत महत्व होता है।इसके साथ ही भद्रा और राहु काल का भी ध्यान रखना चाहिए।  

 
स्थायित्व के साथ जुड़ा है जॉइनिंग का नाता

एक बात और समझनी होगी कि नौकरी मन से जॉइन कर रहे हैं या फिर मजबूरी में। कई बार ऐसा होता है कि मन मुताबिक ट्रांसफर नहीं मिलता है और अनुशासनहीनता न हो जाए इसके कारण जॉइन तो करना होता है लेकिन पुनः स्थानांतरण का प्रयास भी जारी रहता है।

या फिर कभी कभी दंड के रूप में भी स्थानांतरण होता है। अब इस स्थिति में मजबूत और अच्छा मुहूर्त ले लिया तो स्थिरता आ जाएगी जो कि ठीक नहीं है इसलिए यह तय करना पड़ेगा कि जॉइन में स्थायित्व चाहते हैं या नहीं।

लंबे समय तक जुड़े रहना है तो शनिवार सबसे बेहतर
यदि नौकरी में लंबे समय तक संस्थान से जुड़े रहना चाहते हैं तो ऐसी स्थिति में शनिवार को जॉइन करना चाहिए। शनिवार के दिन की गई जॉइनिंग, लंबे समय तक स्थायित्व प्रदान करती है। शनिवार के दिन आप किसी भी प्रकार की सेवा में हों जॉइन कर सकते हैं। 

गुरुवार है जॉइन का दूसरा विकल्प 
यदि किसी कारण वश आप शनिवार के दिन जॉइन नहीं कर सकते हैं तो दूसरा विकल्प गुरुवार का होगा। गुरुवार का दिन शिक्षा, विधि, न्यायालय, धार्मिक संस्थाओं, ट्रस्ट इत्यादि की जॉइनिंग के लिए शुभ दिन है, लेकिन एक बात का ध्यान रखें कि आबकारी विभाग, टैक्स एवं राजस्व संबंधित विभाग में  जॉइनिंग शनिवार को ही करना चाहिए न कि गुरुवार को।    


 
मौका न मिले तो मंगलवार भी ठीक
अब दुर्भाग्य वश शनिवार और गुरुवार की उपलब्धता न हो पाए तो मंगलवार को जॉइनिंग  के लिए चुनना चाहिए। खासकर सैन्य, राजस्व, मेडिकल, इलेक्ट्रिकल, खाद्यान्न विभाग और सभी तकनीकी विभागों में  जॉनिंग मंगलवार के दिन की जा सकती है।  

इन बातों का भी रखें ध्यान
- शनिवार, गुरुवार और मंगलवार के साथ ही तिथि में पंचमी, दशमी या पूर्णिमा भी मिल जाए तो सोने पे सुहागा होता है।  

-स्थायित्व के लिए जिन लोगों को वार या तिथि न उपलब्ध हो रही हो तो वह किसी भी दिन शनि, गुरु और मंगल की होरा में जॉइन कर सकते हैं। 

- यदि नौकरी में स्थायित्व नहीं चाहिए तो सोमवार, बुधवार और शुक्रवार को जॉइन करनी चाहिए। ध्यान रखना चाहिए कि इन वारों में पंचमी, दशमी या पूर्णिमा तिथि न हो अन्यथा स्थायित्व आ जाएगा।  


 
-यदि आपको दिन व तिथि के साथ-साथ समय भी चुनने की स्वतंत्रता हो तो अभिजित मुहूर्त में जॉइन करना सर्वोत्तम होता है, लेकिन ध्यान रहे कि बुधवार के दिन अभिजित मुहूर्त को त्यागना चाहिए क्योंकि इसी समय राहुकाल भी होता है।   

- रविवार भी बहुत ही शुभ दिन होता है स्थायित्व नौकरी के लिए, चूंकि यह सार्वजनिक अवकाश का दिन है इसलिए व्यवहारिक रूप से इस दिन जॉइनिंग नहीं हो पाती है।