फैक्ट चेक: ट्रैक्टर के टायर में हवा के साथ पानी क्यों भरा जाता है ? जानिये ऐसे ही और दिमाग चकराने वाले सवालों के जवाब...

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ट्रकटर के टायर में पानी क्यों भरी जाती है ? Why is the truck tire filled with water?

हम अपने दैनिक जीवन में ऐसी बहुत सी चीजें देखते है और उनका इस्तेमाल भी बखूबी करते है, क्या आपको उन चीजों से जुड़े फैक्ट पता है. कुछ सवाल आपको नीचे शेयर कर रहे है, आशा है की आपको इसके विषय में पता हो, अगर नही है तो जान लें कुछ महत्वपूर्ण सवालों के जवाब- 

सवाल 1 : ट्रेक्टर के टायर में पानी क्यों भरी जाती है ?

जवाब: ट्रेक्टर के टायर में पानी भरने की प्रॉसेस को TYRE BALLASTIN कहते है। और ये एक इकोनोमिकल तरीका है कैसे भी टर्न में टायर का ट्रैक्शन को बढ़ाने का। एक टायर को कीचड़, उबर खाबर और खराब रासते में चलाने के लिए बनाया जाता है। ऐसे में ये भी ज़रूरी होता है की उसके पहिए कहि भी स्लिप न करे साथ ही साथ भारी से भारी लोड को भी उठा सके। इसी कारण इनके रियर टायर में 40 पर्सेंट तक लिक्विड भरा जाता है।

जो इसके सेण्टर ऑफ़ ग्रेविटी को बहुत लौ पॉइंट पर ले जाता है और हमे एक सॉलिड मज़बूत फीलिंग मिलती है जो कैसा भी माहौल हो उससे मुकाबला कारने के लिए एक ट्रेक्टर को तैयार रखती है। तो वही ठन्डे इलाके जहां पानी जमने के आसार बने होते है वहां पानी जगह दूसरे एंटी फ्रीज़ लिक्विड जैसे कैल्शियम कोलोराइड या बीट जूस का इस्तेमाल किया जाता है।

सवाल 2 : ज़मीन के नीचे का पानी सर्दियों में गर्म और गर्मियों में ठंडे क्यों होते है ?

जवाब: पानी के तापमान से ज्यादा बाहर के वातावरण के तापमान का ज़्यादा असर होता है। पानी ज़मीन के नीचे होता है और वाटर टेबल के रूप में स्थिर रहता है। लेकिन जब बाहर ठण्ड होती है तो उसका तापमान बाहर की तरह ठण्ड नहीं होता और इसलिए वह हमे गर्म महसूस होता है। और इसी तरह जब बाहर गर्मी होती है तो ज़मीन का पानी ज़याद गर्म नहीं होता है और हमे गर्मियों में ठंडा पानी मिलता है।

सवाल 3 : टायर के रंग काले ही क्यों होते है ?

जवाब: अक्सर हमने टायर के रंग को काला ही देखा है, रबड़ के टायरों का काला होने का कारण रासायनिक यौगिक कार्बन ब्लैक है। जिसका इस्तेमाल 2130 रासायनिक रूप में किया जाता है। यह टायर के योगी को बनाने वाले दूसरे पॉलीमर के साथ मिला हुआ होता है। रबड़ का रंग दूधिया होता है लेकिन कार्बन ब्लैक के मिल जाने के बाद रबड़ काला हो जाता है। कार्बन ब्लैक एक रसायनिक योगिक होता है। इसका महत्वपूर्ण काम किसी तरल पदार्थ को गाढ़ा कर जकड़ना होता है। इस वजह से रबड़ में मिलाने पर उसकी गुणवत्ता बढ़ जाती है और दूधिया रंग के रबड़ में कार्बन ब्लैक मिलाने से रबड़ का रंग बदल कर काला हो जाता है।

सवाल 4 : आसमान में कोई ट्रैफिक ना होने के बाद भी प्लेन में हॉर्न क्यों दिया जाता है ?

जवाब: आपने प्लेन में तो सफ़र जरुर किया होगा मगर आपको पता है की प्लेन में हॉर्न उनके ग्राउंड पर मूवमेंट के लिए दिए जाते है। तो वही जहां हम गाड़ी की हॉर्न सामने वाले को अलर्ट करने के लिए करते है तो वही प्लेन के पाईलट हॉर्न का इस्तेमाल कम्युनिकेशन के लिए करते है। हवाई जहाज़ का हॉर्न एक हाई पेज की बेल जैसी आवाज़ प्रोडूस करता है। जिसका इस्तेमाल अक्सर ग्राउंड पर काम कर रहे मैकेनिकल या फिर फ्यूल स्टाफ का ध्यान अपनी और खींचने के लिए किया जाता है। इस हॉर्न की हाई पेज रखने के पीछे का मकसद यह है की प्लेन के इंजन और एयर कंडीशनर की बेतहाशा आवाज़ के बीच भी स्टाफ इसकी आवाज़ सुन पाए और पाईलट के इंस्ट्रक्शन को समझ पाए। इसके इलावा हेंगर में प्लेन को पार्क करते और निकालते समय भी प्लेन के हॉर्न का इस्तेमाल किया जाता है।